पंजाब सरकार के निर्देशों के तहत स्वास्थ्य विभाग ने शुक्रवार को "हर शुक्रवार डेंगू पर वार" अभियान के अंतर्गत शहरभर में एंटी लार्वा गतिविधियां, फॉगिंग, स्प्रे और जागरूकता अभियान चलाया। विभाग की टीमों को डेंगू प्रभावित संभावित क्षेत्रों में भेजा गया, जहां लोगों को डेंगू से बचाव के उपाय बताए गए और मच्छरों की रोकथाम के लिए फॉगिंग व स्प्रे किया गया। सिविल सर्जन डॉ. रश्मि विज ने बताया कि बारिश के मौसम में कई स्थानों पर पानी जमा हो जाता है, जिससे मच्छरों के पनपने की संभावना बढ़ जाती है। उन्होंने लोगों से अपील की कि हर शुक्रवार अपने घरों में कूलर, फ्रिज की ट्रे, गमले, पानी की टंकियां और छत पर पड़े कबाड़ आदि में जमा पानी को अवश्य खाली करें, ताकि डेंगू फैलाने वाले एडीज मच्छर की उत्पत्ति रोकी जा सके। उन्होंने पूरी बाजू के कपड़े पहनने और मच्छररोधी क्रीम का इस्तेमाल करने की भी सलाह दी। जिला महामारी विशेषज्ञ (एपिडेमियोलॉजिस्ट) डॉ. हरजोत कौर ने बताया कि डेंगू एक वायरल बीमारी है, जो एडीज एजिप्टी मच्छर के काटने से फैलती है। इसके प्रमुख लक्षण तेज बुखार, सिरदर्द, मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द, आंखों के पीछे दर्द, उल्टी तथा नाक या मसूड़ों से खून आना हैं। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत सरकारी अस्पताल में जांच और उपचार कराना चाहिए, जहां डेंगू की जांच और इलाज नि:शुल्क उपलब्ध है। अभियान के तहत सिविल अस्पताल, रामबाग, जहाजगढ़, पुतलीघर, मजीठा रोड, रोडवेज और भगतांवाला सहित विभिन्न हॉटस्पॉट क्षेत्रों में जागरूकता अभियान चलाया गया। इस दौरान जिला एमईआईओ अमरदीप सिंह ने लोगों को डेंगू से बचाव संबंधी जानकारी दी और पोस्टर व पंपलेट वितरित किए। अभियान में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों, फील्ड वर्करों और ब्रीडिंग चेकरों ने भी भाग लिया।