मध्य प्रदेश के सिवनी जिले में हवाला लूट कांड ने मध्यप्रदेश पुलिस की साख पर बट्टा लगा दिया है। अब इन दागों को धोने के लिए पुलिस मुख्यालय ने आदेश जारी किए हैं। इसमें वरिष्ठ पुलिस अधिकारी एसडीओपी पूजा पांडे समेत कुल 11 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। इन पर डकैती, अपहरण और आपराधिक षड़यंत्र रचने के गंभीर आरोप लगे हैं। पुलिस ने इनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 310(2), 126(2), 140(3) और 61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है। एफआईआर लखनवाड़ा थाने में दर्ज हुई है।
वहीं करीब पांच अन्य लोगों की गिरफ्तारी भी की गई है। ये सभी बर्तन के कारोबार से जुड़े हुए हैं और महाराष्ट्र के रहने वाले हैं। इनसे पूछताछ की जा रही है। वहीं जिले के बड़े अफसरों को भी कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। पुलिस वालों पर आरोप है कि उन्होंने हवाला की रकम में गड़बड़ी (खुर्दबुर्द) की। पुलिस के मुताबिक, एसडीओपी पूजा पांडेय को जानकारी मिली थी कि एक कार में करीब 3 करोड़ रुपये ले जाए जा रहे हैं। इसके बाद उन्होंने अपनी टीम के साथ रात करीब डेढ़ बजे सीलादेही में नाका लगाया और कार को रोककर उसमें रखी रकम पुलिस की गाड़ियों में रख ली...
वहीं आईजी जबलपुर ने थाना प्रभारी सहित पुलिसकर्मियों को निलंबित किया है... आईजी ने कहा पूरे घटना क्रम में कार्यवाही संदेह के घेरे में है... संदिग्ध आचरण के कारण ये कार्यवाही की गई है...