शहर में बढ़ती आबादी के साथ विकास भी हो रहा है। घट रही है तो हरियाली। यह दृश्य है बसंत कुंज योजना का जहां विकास के नाम पर जमीन को छीलकर... मिट्टी निकाल कर भूतल को कई फीट नीचे कर दिया गया है। विकास की इस बयार में अनगिनत छोटे पेड़-पौधे भेंट चढ़ चुके हैं। यहां बड़े भूभाग में सिर्फ एक पेड़ बचा है जो आज भी हरियाली बुलंद किए खड़ा है।