सिंचाई विभाग के चौधरी चरण सिंह सभागार में सोमवार को उत्तर प्रदेश पंचायती राज ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ की द्विवार्षिक चुनाव के बाद पहली प्रदेश स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया और कर्मचारियों की लंबित मांगों पर चर्चा की। बैठक को संबोधित करते हुए बसंत लाल ने सरकार के प्रति नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि करीब 18 महीने पहले विभागीय मंत्री ने कर्मचारियों की तीन प्रमुख मांगों को तीन महीने के भीतर पूरा करने का आश्वासन दिया था, लेकिन डेढ़ वर्ष बीत जाने के बाद भी शासन स्तर पर एक भी मांग पूरी नहीं की गई। इससे प्रदेश भर के सफाई कर्मचारियों में भारी आक्रोश है। बैठक में निर्णय लिया गया कि संगठन अंतिम बार सरकार से वार्ता का प्रयास करेगा। इसके लिए जल्द ही मुख्यमंत्री, विभागीय मंत्री और मुख्य सचिव से मुलाकात कर कर्मचारियों की समस्याओं से अवगत कराया जाएगा। प्रदेश अध्यक्ष ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते कर्मचारियों की मांगों का समाधान नहीं किया गया, तो प्रदेशभर के ग्रामीण सफाई कर्मचारी सरकार के खिलाफ उग्र धरना-प्रदर्शन और आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। बैठक में संगठन की आगामी रणनीति और आंदोलन की रूपरेखा पर भी विस्तार से चर्चा की गई।