उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन प्रबंध निदेशक सुशील कुमार ने कहा कि यूपीएमआरसी हर तीन में से एक ट्रेन महिला ट्रेन ऑपरेटर द्वारा संचालित की जा रही है, जबकि निर्माण, मेंटेनेंस, सिग्नलिंग और इलेक्ट्रिकल जैसे तकनीकी विभागों में भी बड़ी संख्या में महिलाएं कार्यरत हैं। इसके अलावा लखनऊ में करीब 20 प्रतिशत अधिकारी भी महिलाएं हैं। यूपीएमआरसी एक सशक्त संगठन है, जहां महिलाओं की महत्वपूर्ण भागीदारी है। वह शनिवार को सप्ताहभर चलने वाली विशेष ‘एक्जीबिशन ऑन व्हील्स’ शक्ति मेट्रो को हरी झंडी दिखाकर की शुरुआत करने के दौरान बोल रहे थे। इससे पहले उन्होंने यूपीएमआरसी के अधिकारियों के साथ विशेष रूप से तैयार मेट्रो ट्रेन में सवार होकर एक्जीबिशन ऑन व्हील्स का अवलोकन किया। इस प्रदर्शनी में भारत की विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली महिलाओं की प्रेरणादायक यात्राओं और उपलब्धियों को दर्शाया गया है। इस दौरान एमडी सुशील कुमार ने हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर वॉल ऑफ ग्रैटिट्यूड का भी अनावरण किया। यह एक विशेष दीवार है, जहां लोग अपने जीवन में प्रेरणा देने वाली महिलाओं के लिए संदेश लिख सकते हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक स्टेशन पर 50 से 60 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इसके साथ ही सभी स्टेशनों सुरक्षा जांच की व्यवस्था, महिला सुरक्षा कर्मियों की उपस्थिति, महिला शौचालयों में महिला हाउसकीपिंग स्टाफ की तैनाती, स्टेशन कंट्रोलर और टिकट काउंटर के लिए कांच के पारदर्शी केबिन, आपात स्थिति में टॉकबैक सुविधा के साथ कांच की पारदर्शी लिफ्टें और स्टेशनों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था की गई है।