अफहाम-ए-जमा सोसाइटी के प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को जिलाधिकारी एवं हुसैनाबाद एण्ड एलाइड ट्रस्ट के अध्यक्ष विशाख जी को ज्ञापन सौंपकर 72 तोले सोने के अलम मुबारक की जियारत बहाल करने की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि बादशाह मोहम्मद अली शाह बहादुर द्वारा बनवाया गया यह ऐतिहासिक अलम वर्तमान में बैंक लॉकर में सुरक्षित है। मांग की गई कि पूर्व की भांति नौ मोहर्रम को इसे छोटे इमामबाड़े में सजाया जाए। साथ ही दसवीं मोहर्रम को शाही जरी का जुलूस भी निकाले जाने की मांग उठाई गई। जिलाधिकारी ने मोहर्रम के बाद मामले में यथासंभव समाधान का आश्वासन दिया।