सोमवार सुबह से बठिंडा में हो रही लगातार बारिश ने नगर निगम के तमाम दावों की पोल खोल दी है। शहर के अधिकांश निचले इलाकों में 3 से 4 फीट तक पानी भर गया, जिससे सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं। सिरकी बाजार, मॉल रोड, अमरीक सिंह रोड, टीचर्स होम रोड और मानसा रोड अंडरब्रिज जैसे क्षेत्र पूरी तरह जलमग्न हो गए। जलभराव का असर प्रशासनिक क्षेत्रों तक भी पहुंच गया। डिप्टी कमिश्नर, एसएसपी और जिला जज के आवासीय परिसर स्थित सिविल स्टेशन में भी पानी भर गया। सुबह करीब 10:30 बजे बिजली आपूर्ति बाधित हो गई, जो देर शाम तक बहाल नहीं हो सकी।
व्यापारियों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। टीचर्स होम मार्केट के दुकानदारों ने बताया कि जलभराव के कारण महावीर दल अस्पताल पहुंचना मुश्किल हो गया और कई दुकानों में पानी घुसने से आर्थिक नुकसान हुआ। मॉल रोड एसोसिएशन के सचिव मनीत गुप्ता ने कहा कि मानसून के दौरान हर वर्ष यही स्थिति उत्पन्न होती है, लेकिन नगर निगम कोई स्थायी समाधान नहीं कर पा रहा।पंजाब में मॉनसून एक बार फिर सक्रिय होता दिखाई दे रहा है। मौसम विभाग ने राज्य के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों के दौरान बारिश की संभावना जताई है। वहीं आज 19 जिलों में मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार आज जिन जिलों में हल्की से मध्यम बारिश या गरज-तूफान के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है, उनमें चंडीगढ़, जालंधर, अमृतसर, लुधियाना, पटियाला, मोहाली, मानसा, संगरूर, बठिंडा, मोगा, श्री मुक्तसर साहिब, फरीदकोट, फिरोजपुर, कपूरथला, तरनतारन, शहीद भगत सिंह नगर, रूपनगर, होशियारपुर, गुरदासपुर और पठानकोट शामिल हैं।वहीं मौसम विभाग द्वारा 14 और 15 जुलाई के लिए कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की गई है, लेकिन 16 जुलाई को मौसम विभाग ने 'येलो अलर्ट' जारी किया है। इस दिन विशेष रूप से गुरदासपुर, होशियारपुर और पठानकोट में भारी बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी है। इस दौरान 30 से 40 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के साथ-साथ बिजली गिरने की भी संभावना जताई गई है। इसके साथ ही अगले सप्ताह के मध्य यानी 17 और 18 जुलाई को किसी भी प्रकार की चेतावनी नहीं दी गई है।