ऊना के ज्वार में बाघ के हमले में दो मवेशी मारे जाने का मामला प्रकाश में आया है। जिससे क्षेत्र के लोगों में भय का माहौल है। जबकि उपमंडल के सपौरी क्षेत्र में बाघ देखे जाने के बाद स्थानीय लोगों की तरफ से ग्यारह सौ नंबर पर दो शिकायतों के बाद वन विभाग भी हरकत में आ गया है। जिसके चलते विभाग के कर्मचारियों की तरफ से बाघ पकड़ने के लिए सपौरी में गुरुवार को पिंजरा लगाया गया। फॉरेस्ट गार्ड मुनीश कुमार ने बताया कि सपौरी में बाघ होने के संबंध में शिकायत के बाद क्षेत्र में बाघ को पकड़ने के लिए विभाग की तरफ से पिंजरा लगाया गया है। उधर, ज्वार की घटना के संबंध में प्रभावित किसान चिंतराम पुत्र गोपी राम निवासी ज्वार ने बताया कि उसका बेटा अपनी छह बकरियों को बुधवार दोपहर को घर से कुछ ही दूरी पर खेतों में चराने के लिए लेकर गया था। उसी दौरान बाघ ने उसकी एक बकरी को दबोच लिया और पास की झाड़ियों में ले गया। जिसे देखकर युवक ने शोर मचाया, लेकिन कुछ ही देर में बाघ दोबारा आया और एक और बकरी को उठा ले गया। उसके बाद लोगों के शोर मचाने पर बाघ मरी हुई दोनों बकरियों को मौके पर छोड़कर भाग गया। इस संबंध में सूचना के बाद फॉरेस्ट गार्ड मुनीश कुमार ने मौके पर पहुंच कर हालात का जायजा लिया। बाघ के हमले में किसान का हजारों रुपए का नुकसान हुआ है और घटना के बाद क्षेत्र में लोगों में भय व्याप्त है।