चिंतपूर्णी में रोपवे लगाने और ट्रैफिक व्यवस्था के विरोध में व्यापारियों ने बुधवार को बाजार बंद कर प्रशासन के खिलाफ धरना दिया। व्यापारी वर्ग एकजुट होकर बाबा माईदास सदन के पास धरने पर बैठ गया। व्यापार मंडल में संजीव कालिया, विनोद कुमार, जीतलाल कालिया, निरंजन कालिया, कुंदन गर्ग ने संयुक्त रूप से जिलाधीश को बताया कि चिंतपूर्णी में रोपवे की कोई आवश्यकता नहीं है। सदन से मंदिर की दूरी मात्र एक किमी है तथा रोपवे स्थापित करना उचित नहीं है। प्रति घंटे 700 यात्री रोपवे से मंदिर तक पहुंचेंगे। ऐसे में हजारों दुकानदारों का कारोबार पूरी तरह खत्म हो जाएगा। व्यापारियों ने कहा कि मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सदन से मंदिर तक गोल्फ कोर्ट की सुविधा दी है। इसमें सिर्फ केवल बुजुर्ग, दिव्यांग और बीमार श्रद्धालुओं को ही ले जाने और वापस सदन में पहुंचने की अनुमति होनी चाहिए। बाकी सभी यात्रियों को मंदिर रोड पर पैदल आने जाने की सुविधा देनी चाहिए ताकि बाजार में दुकानदारों का कारोबार प्रभावित न हो। स्थानीय लोग जो प्रतिदिन मंदिर में माता के दर्शन करने के लिए जाते हैं उन्हें पास बनाकर मंदिर में जाने की अनुमति प्रदान की जाए। चिंतपूर्णी में जो ट्रैफिक प्लान बनाया गया है उसमें भी संशोधन किया जाए ताकि चिंतपूर्णी के आसपास के गांव के लोग अपने वाहनों को घरों तक ले जा सकें।