देवभूमि फाउंडेशन तथा भानु चारिटेबल ट्रस्ट से आई चिकित्सकों की टीम ने लोगों के नेत्रों की जांच की और उन्हें दवाइयां उपलब्ध करवाईं। इस अवसर पर क्षेत्र के अनेक युवा युवाओं ने स्वेच्छा से रक्तदान कर इस पुनीत कार्य में अपनी सहभागिता दर्ज करवाई। युवा समाज सेवी तेजपाल तेजू के अनुसार लोगों की इस तरह सेवा करने से उन्हें उन्हें आत्मिक शांति की अनुभूति होती है। उन्होंने कहा कि बहुत से बुजुर्ग लोग ऐसे हैं जो अपने नेत्रों की जांच तक करवाने अस्पताल नहीं जा सकते, उनके लिए हमने डॉक्टरों की टीम को यहां बुलाकर उन्हें एक छोटी सी सुविधा उपलब्ध करवाने का प्रयास किया है। जिन लोगों ने रक्तदान करके इस शिविर में अपना सहयोग दिया है वह पुण्य के भागी हैं, क्योंकि उनके दिये इस रक्त से न जाने कितने लोगों का जीवन बच सकता है। भानु चैरिटेबल ट्रस्ट से डॉक्टर कुसुम भानु ने बताया कि 4:00 बजे तक करीब 400 मरीजों की आंखों की जांच की गई जिन में ज्यादातर मरीजों में सफेद मोतिया, पर्दे की समस्या तथा चश्मे के नंबर की समस्या की काफी मरीज देखने को मिले हैं। इस तरह के कैम्प आयोजित होने से लोगों में जागरुकता बढ़ती है।