भाषा एवं संस्कृति विभाग सिरमौर ने शहीदी दिवस पर गुरुवार को नाहन में जिला स्तरीय कवि सम्मेलन आयोजित किया। इसकी अध्यक्षता राजगढ़ से आए जय प्रकाश चौहान ने की। जबकि दीप चंद कौशल विशिष्ट अतिथि रहे। मंच का संचालन शिलाई की प्रीति चौहान ने किया। जबकि जिला भाषा अधिकारी कांता नेगी विशेष रूप से मौजूद रहीं। कार्यक्रम का आगाज युवा कवि अनुज ने अयोध्या में राममंदिर निर्माण के दौरान बेघर किए गए गए लोगों के दर्द को अपनी कविता से बखूबी जाहिर किया। ददाहू से आए अनंत आलोक ने अब्र के अश्कों से लिखी शायरी अच्छी लगी, आज अरसे बाद भीगी बागड़ी अच्छी लगी... से समां बांधा। संगड़ाह के संदडाह से आए कवि ब्रहमानंद शर्मा ने वतन पर मिटने वालों को, हम सही का है नमन, इनके ही तो दम से है खुशी का चमन.. से दाद पाई। शायर दीप राज विश्वास ने शोहरत न जर जमी न सुकूं आसपास, लेकिन बदन पर इश्क का शाही लिबास लिखना.., जावेद उल्फत ने बराबर है सभी गिनती में तारे, बस आना था जिसे आया नहीं है.. और शायर नासिर यूसुफजई ने गजलों से खूब दाद पाई। इसके अलावा विजय रानी बसंल, अनुदीप भारद्वाज, मुकेश सहोत्रा, पंकज तन्हा, डॉ. आईडी राही, शकुंतला प्रकाश, मीनाक्षी वर्मा, अनमोल शर्मा, प्रताप पराशर, शबनम शर्मा ने भी अपनी रचनाओं से तालियां बटोरीं। इस मौके पर लाल सिंह, लायक राम शास्त्री, चिर आनंद समेत दूसरे कवियों ने भी कविता पाठ किया। इस मौके पर रचना रावत समेत अन्य लोग मौजूद रहे।