हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर ने कहा कि पूर्व सरकार के कार्यकाल में वर्ष 2021 में मात्र पांच महीनों के भीतर लगभग 72 हजार गलत पंजीकरण किए गए थे, जिनके कारण बोर्ड पर भारी आर्थिक बोझ पड़ा। इसके बाद लगभग 172 करोड़ रुपये की राशि बिना उचित सत्यापन के वितरित की गई थी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि गलत पंजीकरण करवाने वालों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बुधवार को बालीचौकी में बोर्ड के उपकार्यालय का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर हिमाचल प्रदेश निजी शिक्षण संस्थान नियामक आयोग के सदस्य विजय पाल सिंह विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर ने श्रम कार्यालयों को निर्देश दिए कि 31 दिसंबर तक फिजिकल वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पूरी करें। श्रमिक पात्र पाए जाएं, उन्हें अगले 15 दिनों के भीतर सहायता राशि जारी की जाए। कहा कि सराज विधानसभा क्षेत्र की लगभग 50 पंचायतें जिला मुख्यालय मंडी से काफी दूरी पर स्थित हैं, जिससे श्रमिकों को अपने कार्य करवाने में पूरा दिन लग जाता था। अब इन पंचायतों के करीब 20 हजार से अधिक लोगों को सीधा लाभ प्राप्त होगा। विकास खंड बालीचौकी के लगभग 12 हजार श्रमिक बोर्ड में पंजीकृत हैं। अध्यक्ष ने कहा कि पिछले दो वर्षों में विकास खंड बालीचौकी के पंजीकृत श्रमिकों को विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत लगभग 2.40 करोड़ रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई है। मंडी जिले में अब तक कुल लगभग 92 हजार 700 श्रमिक भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड में पंजीकृत हैं। सभी पात्र श्रमिकों से उन्होंने अपील की कि वे शीघ्रता से पंजीकरण करवाएं ताकि योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके। इस अवसर पर बोर्ड के आपदा प्रभावित दो कर्मचारियों को अन्य कर्मचारियों की ओर से राहत स्वरूप प्रत्येक को 35-35 हजार रुपये की राशि प्रदान की गई। कार्यक्रम में निदेशक एचपीएमसी जोगिंद्र गुलेरिया, निदेशक एचआरटीसी बलदेव ठाकुर, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष इंटक महिमन चंद्र शर्मा, पूर्व जिला परिषद सदस्य संत राम, एसडीएम देवी राम व अन्य उपस्थित रहे।