फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मांडव्य महोत्सव: लोक संस्कृति के रंग में रंगेगी छोटी काशी मंडी

छोटी काशी मंडी यान मांडव्य नगरी में फिर से संस्कृति और श्रद्धा की स्वर-लहरियां गूंजेगी। मांडव्य ऋर्षि की तपोस्थली छोटी काशी मंडी में इस बार दो दिवसीय मांडव्य उत्सव 5 व 6 नवंबर को आयोजित किया जा रहा है। पूर्व में यह एक दिवसीय महोत्सव होता था। इस कार्यक्रम को अंतिम रूप देने के उद्देश्य से शनिवार को शहर के समस्त प्रबुद्धजन, धर्मसंस्थाएं, सामाजिक संस्थाएं, व्यापार मंडल आदि के साथ बैठक कर महोत्सव का कार्यक्रम तय किया गया। बैठक में निर्णय लिया गया कि उत्सव के प्रथम दिवस पर प्रातः 10:15 बजे राज माधवराय जी के पूजन बाद बाबा भूतनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की जाएगी। इसके बाद सेरी मंच से शोभा यात्रा निकाली जाएगी, जो पड्डल गुरुद्वारा से होकर विपाशा तट पर स्थित मांडव्य शीला तक पहुंचेगी। यह जानकारी एमसी मंडी के मेयर वीरेंद्र भट्ट ने दी। कहा कि यहां शीला पूजन के बाद यज्ञ का आयोजन किया जाएगा, साथ ही भजन-कीर्तन का भी आयोजन होगा। इस उपलक्ष्य में गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी मंडी द्वारा सतगुरु गोबिंद सिंह जी गुरुद्वारा में लंगर का आयोजन किया जाएगा। बैठक में पार्षद अलकनंदा हांडा, योगराज, सुदेश कुमारी, निर्मल वर्मा, यशकांत कश्यप, दर्शन ठाकुर, संजय शर्मा, नगर निगम आयुक्त रोहित राठौर, अतिरिक्त आयुक्त विजय कुमार, अनुभाग अधिकारी राकेश गुलेरिया व विभिन्न गैर सरकारी संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। मंडी नगर मांडव्य ऋर्षि की तपोस्थली रहा है और इन्हीं महर्षि के नाम से नगर का नाम मंडी पड़ा है। नगर निगम लोक संस्कृति को संरक्षित रखने के प्रयासरत है, इसलिए वर्ष 2024 से एक नई शुरुआत करते हुए मांडव्य महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। नगर निगम द्वारा नगर की समस्त धर्मसंस्थाओं, सामाजिक संस्थाओं, स्कूली बच्चों, महिला समूहों व आमजनमानस के सहयोग से इस ऐतिहासिक महोत्सव को मनाया जाएगा।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें