पंचायत और शहरी निकाय चुनावों में भाजपा समर्थित उम्मीदवारों की जीत के बाद नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पंचायतों, नगर निगमों और जिला परिषदों के चुनाव परिणाम यह संकेत देते हैं कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार के प्रति जनता का भरोसा कम हुआ है। उन्होंने दावा किया कि मतदाताओं ने सरकार की नीतियों, आपदा प्रबंधन और लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को लेकर अपनी राय चुनाव परिणामों के माध्यम से व्यक्त की है। जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश के पंचायत और शहरी निकाय चुनावों में भाजपा को व्यापक जनसमर्थन मिला है। उनके अनुसार 70 प्रतिशत से अधिक पंचायतों में भाजपा समर्थित प्रधान निर्वाचित हुए हैं और जिला परिषद अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष के चुनावों में भी भाजपा बढ़त बनाए हुए है। उन्होंने दावा किया कि किन्नौर, बिलासपुर, सिरमौर और मंडी के कई क्षेत्रों में कांग्रेस उम्मीदवार नामांकन तक दाखिल नहीं कर सके। उन्होंने आरोप लगाया कि जिला परिषद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के चुनावों में कांग्रेस सरकार लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित करने का प्रयास कर रही है। कांगड़ा का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि एक माह से अधिक समय बीतने के बावजूद वहां चुनाव की तारीख तय नहीं की गई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ स्थानों पर नियमों में बदलाव और भाजपा समर्थित जनप्रतिनिधियों पर मामले दर्ज कर दबाव बनाने की कोशिश की गई, लेकिन जनता ने इन प्रयासों को स्वीकार नहीं किया। जयराम ठाकुर ने मंडी में आपदा राहत का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में सबसे अधिक नुकसान मंडी जिले को हुआ, लेकिन प्रभावित परिवारों को अपेक्षित राहत और पुनर्वास नहीं मिल सका। उनका दावा था कि मंडी के लिए स्वीकृत राहत राशि भी वापस ले ली गई, जिससे पुनर्निर्माण और विकास कार्य प्रभावित हुए। उन्होंने मंडी नगर निगम में महापौर और उपमहापौर के निर्वाचन तथा जिला परिषद अध्यक्ष अमरु राम और उपाध्यक्ष बोदी देवी के निर्वाचित होने पर बधाई दी। जयराम ठाकुर ने कहा कि यह परिणाम भाजपा के प्रति बढ़ते जनसमर्थन का संकेत हैं और आने वाले विधानसभा चुनावों की दिशा भी तय करते हैं।