भूकंप जैसी आपदा के दौरान बचाव एवं राहत कार्यों को सुनियोजित और प्रभावी ढंग से अंजाम देने के अभ्यास तथा आपदा प्रबंधन से संबंधित संसाधनों के आकलन के लिए 6 जून को आयोजित की जाने वाली प्रदेशव्यापी मेगा मॉक एक्सरसाइज के तहत जिला हमीरपुर में भी यह एक्सरसाइज की जाएगी। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एसडीएमए) द्वारा राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) के तकनीकी सहयोग से आयोजित की जा रही इस मेगा मॉक एक्सरसाइज की तैयारियों के लिए मंगलवार को एक कार्यशाला आयोजित की गई। वर्चुअल माध्यम से आयोजित इस कार्यशाला में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) हमीरपुर के अधिकारियों और अन्य विभागों के अधिकारियों ने भी भाग लिया। कार्यशाला के दौरान एनडीएमए के सीनियर कंसल्टेंट मेजर जनरल (सेवानिवृत्त) सुधीर बहल ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से मेगा मॉक एक्सरसाइज के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की आपदा से निपटने के लिए जिला स्तर पर डीडीएमए के माध्यम से इंसीडेंस रिस्पांस सिस्टम (आईआरएस) यानि घटना प्रतिक्रिया प्रणाली विकसित की गई है तथा जिला एवं उपमंडल स्तर पर आपदा प्रबंधन प्लान भी बनाए गए हैं। आईआरएस और आपदा प्रबंधन प्लान की क्षमता एवं प्रभाव के आकलन तथा इन्हें अपडेट करने के लिए समय-समय पर मॉक एक्सरसाइज आयोजित की जाती हैं। इस बार की एक्सरसाइज भूकंप जैसी आपदा पर आधारित होगी। इसमें डीडीएमए और आपदा प्रबंधन से संबंधित सभी विभागों के अधिकारियों के अलावा स्वयंसेवी संस्थाओं, आपदा मित्रों, अन्य वॉलंटियरों तथा आम नागरिकों की भागीदारी भी सुनिश्चित की जानी चाहिए। इसके लिए सभी प्रशासनिक और विभागीय अधिकारी पूरी तैयारी करें और सभी उपलब्ध संसाधनों का भरपूर उपयोग सुनिश्चित करें। इस कार्यशाला में एडीसी अभिषेक गर्ग, एसडीएम संजीत सिंह, जिला राजस्व अधिकारी जगदीश सांख्यान और आपदा प्रबंधन से संबंधित सभी विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया।