राज्य नशा निवारण बोर्ड के संयोजक एवं सलाहकार नरेश ठाकुर ने शनिवार को हमीरपुर जिले के बणी और बड़सर स्थित नशा मुक्ति केंद्रों का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने केंद्रों के रिकॉर्ड की जांच करने के साथ-साथ संचालकों से दैनिक गतिविधियों और व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी भी ली। निरीक्षण के दौरान राज्य नशा निवारण बोर्ड के सदस्य रूबल ठाकुर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय अत्री, खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरविंद टंडन, बड़सर थाना प्रभारी तथा अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। टीम ने बणी में एनएच प्रो-केयर फाउंडेशन और बड़सर में एमएच डोर ऑफ होप फाउंडेशन द्वारा संचालित नशा मुक्ति केंद्रों का निरीक्षण किया। नरेश ठाकुर ने कहा कि नशा छोड़ने के लिए केंद्रों में आने वाले लोगों को सभी मूलभूत सुविधाओं के साथ सकारात्मक और प्रेरणादायक वातावरण मिलना चाहिए। ऐसा माहौल ही उन्हें सामान्य जीवन की ओर लौटने में मदद करता है। उन्होंने कहा कि नशा मुक्ति केंद्रों के दैनिक रूटीन में योग, खेल, परामर्श, कौशल विकास और अन्य रचनात्मक गतिविधियों को अधिक से अधिक शामिल किया जाना चाहिए, ताकि उपचार के साथ-साथ मरीजों का मानसिक और सामाजिक पुनर्वास भी बेहतर ढंग से हो सके। नरेश ठाकुर ने बताया कि नशा मुक्ति केंद्रों के प्रभावी संचालन और बेहतर परिणाम सुनिश्चित करने के लिए राज्य नशा निवारण बोर्ड जल्द ही विस्तृत दिशा-निर्देश जारी करेगा।