चुराह में कांग्रेस के भीतर गुटबाजी उस समय सामने आई। जब कांगड़ा चंबा के प्रभारी शांतनु चौहान चुराह दौरे पर पहुंचे। कॉलोनी में जैसे ही वह कांग्रेस पदाधिकारियों से बैठक करने के लिए आए तो बाहर खड़े कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी शुरू कर दी। यह नारेबाजी इसलिए की गई कि कांग्रेस से भाजपा में गए एक नेता की दोबारा कांग्रेस में वापसी होने पर कार्यकर्ताओं में नाराजगी है। इसी नाराजगी को कार्यकर्ताओं ने कांगड़ा चंबा के प्रभारी के समक्ष नारेबाजी के जरिए रखा। कार्यकर्ताओं ने जहां यशवंत खन्ना व और सुरेंद्र भारद्वाज के जिंदाबाद के नारे लगाए तो वहीं काली भेड़ें नहीं चलेंगी का नारा लगाकर उस नेता के खिलाफ अपनी नाराजगी भी जाहिर की। कार्यकर्ताओं की नारेबाजी को शांत करने के लिए प्रभारी उनके बीच चले गए। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं को आश्वासन दिया कि उनकी मर्जी के अनुसार ही चुराह में नेता को त्वज्जो दी जाएगी।