घुमारवीं में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री की ओर से केंद्रीय मंत्री जगत प्रकाश नड्डा पर लगाए गए आरोपों को लेकर भाजपा के पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र गर्ग ने कड़ा ऐतराज जताया है। उन्होंने आरोपों को न केवल तथ्यहीन बताया, बल्कि इसे जनता को गुमराह करने का सुनियोजित प्रयास करार दिया। घुमारवीं में आयोजित प्रेस वार्ता में राजेंद्र गर्ग ने कहा कि आपदा के समय केंद्र की भाजपा सरकार ने हिमाचल प्रदेश को हरसंभव सहायता प्रदान की है। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने व्यक्तिगत रूप से राज्य के लिए संसाधन जुटाने में अहम भूमिका निभाई। ऐसे में पेंशनर्स की रैली में मुख्यमंत्री द्वारा उन पर आरोप लगाना दुर्भाग्यपूर्ण है। पूर्व मंत्री ने मुख्यमंत्री और स्थानीय मंत्री पर राजनीतिक श्रेय लेने का आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के एकदिवसीय दौरे के दौरान जिन योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया गया, वे सभी योजनाएं भाजपा सरकार के कार्यकाल में ही स्वीकृत और प्रारंभ हो चुकी थीं। वर्तमान सरकार इन्हें अपनी उपलब्धि बताकर जनता को भ्रमित कर रही है। साफ किया कि घुमारवीं इंडोर स्टेडियम की योजना पूर्व मुख्यमंत्री प्रो. प्रेम कुमार धूमल के कार्यकाल की देन है, जबकि घुमारवीं पुलिस थाना भवन को जयराम ठाकुर सरकार के दौरान स्वीकृति मिली थी और निर्माण प्रक्रिया भी उसी समय शुरू हो गई थी। इन योजनाओं को वर्तमान सरकार की असेा ये अपनी उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत करना पूरी तरह तथ्यहीन है। उन्होंने घुमारवीं–बरठीं–शाहतलाई सड़क के शिलान्यास पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस सड़क के लिए 35 करोड़ 90 लाख रुपये की राशि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा की ओर से एसएआरआई योजना के तहत पहले ही स्वीकृत करवाई जा चुकी थी। बड़े समारोह के माध्यम से दोबारा शिलान्यास करना केवल राजनीतिक दिखावा है। तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि शायद मुख्यमंत्री को यह याद नहीं रहा कि इस सड़क के लिए वास्तविक प्रयास किसने किए थे।