कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन स्थित गरामोड़ टोल प्लाजा वीरवार को उस समय अचानक तनाव और बवाल का केंद्र बन गया जब टोल संचालन करने वाली कंपनी के कुछ अधिकारियों पर ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के साथ गाली-गलौज और मारपीट करने के गंभीर आरोप लगे। घटना के बाद मौके पर माहौल पूरी तरह गरमा गया और देखते ही देखते टोल प्लाजा पर कामकाज पूरी तरह ठप हो गया। जानकारी के अनुसार टोल प्लाजा पर ड्यूटी के दौरान कर्मचारियों और कंपनी अधिकारियों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद मामला इतना बढ़ गया कि अधिकारियों पर कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार और मारपीट करने के आरोप लग गए। इस घटना से टोल पर मौजूद अन्य कर्मचारी भी आक्रोशित हो गए और स्थिति तनावपूर्ण हो गई। घटना के तुरंत बाद कर्मचारियों ने एकजुट होकर कार्य बहिष्कार कर दिया और टोल बूथों से हट गए। कुछ ही देर में सभी लेन पर काम बंद हो गया और टोल प्लाजा का संचालन पूरी तरह ठप पड़ गया। विरोध प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने टोल प्लाजा को पूरी तरह फ्री कर दिया। इसके चलते वहां से गुजरने वाले सभी वाहनों को बिना किसी शुल्क के निकलने दिया गया।