पंचकूला एसीबी ने कैनाल रेस्ट हाउस में रंगे हाथ दबोचा यमुनानगर। हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए सिंचाई विभाग, यमुनानगर के जूनियर इंजीनियर (जेई) सौरभ कुमार और एचकेआरएन के माध्यम से नियुक्त बेलदार करमजीत को 45 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ एसीबी थाना पंचकूला में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा-7 के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। एसीबी के अनुसार, शिकायतकर्ता सिंचाई विभाग में ठेकेदार है। उसने शिकायत में बताया कि विभाग में उसके सभी आवश्यक दस्तावेज और औपचारिकताएं पूरी होने के बावजूद लंबे समय से उसके बिलों का भुगतान लंबित रखा गया था। आरोप है कि जेई सौरभ कुमार जानबूझकर बिल पास नहीं कर रहा था और भुगतान जारी करने के बदले रिश्वत की मांग कर रहा था। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि आरोपी जेई ने शिकायतकर्ता से फोन पर संपर्क कर अपने साथ-साथ वरिष्ठ अधिकारियों के नाम पर भी रिश्वत मांगी। रिश्वत की राशि लेने के लिए उसने विभाग के बेलदार करमजीत को माध्यम बनाया। शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने मामले का सत्यापन कर ट्रैप की योजना बनाई। तय रणनीति के तहत शिकायतकर्ता ने 45 हजार रुपये की रिश्वत बेलदार करमजीत को सौंपी। करमजीत ने यह राशि तत्काल जेई सौरभ कुमार को दे दी। इसी दौरान पहले से मौके पर तैनात एसीबी की टीम ने दोनों आरोपियों को कैनाल रेस्ट हाउस से रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। एसीबी अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी सौरभ कुमार अंबाला का निवासी है, जबकि करमजीत लाल छप्पर गांव का रहने वाला है जोकि हरियाणा कौशल रोजगार निगम (एचकेआरएन) के माध्यम से विभाग में कार्यरत था। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि पिछले करीब एक वर्ष से शिकायतकर्ता के बिलों का भुगतान टालकर उस पर रिश्वत देने का दबाव बनाया जा रहा था। इस कार्रवाई को इंस्पेक्टर तेजपाल के नेतृत्व में अंजाम दिया गया। टीम में एएसआई पपिंद्र सिंह, विमल, सुखविंद्र और धान सिंह शामिल रहे। इंस्पेक्टर तेजपाल ने बताया कि दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड लिया जाएगा, ताकि मामले में अन्य संभावित पहलुओं और संलिप्त व्यक्तियों की भी जांच की जा सके।