इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायाधीश द्वारा दिए गए बयान का नागरिक अधिकार मंच ने बुधवार को लघु सचिवालय पहुंच कर विरोध किया है। इस दौरान उन्होंने जगाधरी के एसडीएम सोनू राम को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन भी सौंपा। मंच के पदाधिकारी जरनैल सांगवान ने कहा कि यह बयान संविधान की भावना और अल्पसंख्यक समुदाय के अधिकारों के खिलाफ है। बयान न केवल अल्पसंख्यक समुदाय के अधिकारों का उल्लंघन करता है। बल्कि यह समाज में भेदभाव और घृणा को बढ़ावा देता है। भारतीय न्यायपालिका को हमेशा अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों के प्रति सजग रहना चाहिए। इस मौके पर एडवोकेट बलबीर सिंह, अजमेर सिंह, एडवोकेट हरभजन सिंह, मुक़्तियार सिंह, लक्ष्मण विनायक, सुरजीत सिंह, सुमित पाल सिंह, राहुल भान आदि रहे।