कार्तिक पूर्णिमा एवं देव दिवाली पर शुक्रवार को सोनीपत के सिद्धपीठ तीर्थ सतकुंभा धाम में मेला लगाया गया। मेले में हरियाणा के विभिन्न जिलों से आए हजारों श्रद्धलुओं ने मंदिर परिसर के तालाब में श्रद्धा की डुबकी लगाई। मेले में बच्चों व महिलाओं ने खूब खरीदारी की। मंदिर में लगे भंडारे में प्रसाद ग्रहण किया। साथ ही कई श्रद्धालुओं ने यमुना नदी पर पहुंचकर स्नान किया और पूजा-अर्चना की। कार्तिक पूर्णिमा पर सुबह से ही सतकुंभा धाम व यमुना नदी पर स्नान के लिए श्रद्वालुओं की भीड़ जुटी। यहां श्रद्धालुओं ने जहां आस्था की डुबकी लगाई, वहीं पूजा-अर्चना कर मन्नतें मांगी। मंदिर परिसर में लगे मेले में श्रद्वालुओं ने जमकर खरीददारी भी की। कार्तिक पूर्णिमा पर मंदिर को सजाया गया। महंत राजेश स्वरुप महाराज ने कहा कि सतकुंभा धाम तीर्थ स्थलों में शामिल है, यहां किया गया स्नान गंगा, यमुना के स्नान के बराबर माना जाता है। कार्तिक पूर्णिमा के साथ आज गुरु पर्व भी है। इस दिन सभी देवी देवता अपना सांनिध्य देने के लिए अवतरित होते हैं और श्रद्धालुओं की मनोकामना पूर्ण करते हैं, इसलिए इस स्नान का महत्व ज्यादा है। कार्तिक स्नान करने के लिए धाम में आसपास के गांवों सहित हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उतराखंड, पंजाब, चंडीगढ, दिल्ली से भी श्रद्धालु पहुंचते हैं। राजेश स्वरुप महाराज ने कहा कि कार्तिक पूर्णिका पर 1000 कन्याओं को भोज करवाकर श्रद्धालुओं ने भंडारा लगाया है। कार्तिक पूर्णिमा पर अन्न-धन के दान का भी बड़ा महत्व माना गया है। श्रद्धालु भंडारे में सेवा करके पुण्य कमा रहे हैं।