जिला खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) विभाग की टीम ने सोमवार को शहर के नाई वाली चौक स्थित नई सब्जी मंडी में दो डेयरियों पर औचक निरीक्षण किया। अचानक हुई कार्रवाई से मंडी में हड़कंप मच गया और कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कई दुकानदार अपनी दुकानों पर सतर्क नजर आए। एफएसडीए की टीम ने छापेमारी के दौरान डेयरी उत्पादों की गुणवत्ता की जांच की। इस दौरान पनीर और सांस (दूध से बना तरल उत्पाद) के कुल 120 किलोग्राम पनीर और 50 लीटर सॉस के सैंपल भरे गए। अधिकारियों के अनुसार सभी नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद यदि ये नमूने खाद्य सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतरते हैं, तो संबंधित डेयरियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस वजह से चलाया जा रहा है निरीक्षण अभियान खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. राजेश वर्मा ने बताया कि विभाग की ओर से मिलावटखोरी पर अंकुश लगाने और आमजन को सुरक्षित व गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लगातार निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि त्योहारी सीजन और ठंड के मौसम में दूध, पनीर, घी और अन्य डेयरी उत्पादों की खपत काफी बढ़ जाती है। ऐसे समय में मिलावट की आशंका भी बढ़ जाती है, इसलिए नियमित जांच बेहद जरूरी है। डॉ. वर्मा ने बताया कि जांच के दौरान डेयरी संचालकों को साफ-सफाई, उचित भंडारण और खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि खाद्य पदार्थों में मिलावट या लापरवाही पाए जाने पर जुर्माना, लाइसेंस निलंबन और कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।