शहर के पुराने नगर पालिका कार्यालय के पीछे बनाई गई सरकारी पुस्तकालय में पढ़ने के लिए आए एक युवक के साथ शनिवार को कुछ अन्य युवकों की तरफ से मारपीट की। मारपीट की सूचना पुस्तकालय कर्मी लेकर महिला थाने पहुंचा, लेकिन पुलिस ने मौके पर आने की बजाय उसे डायल 112 पर मामले की शिकायत देने की बात कह डाली। वहीं जब तक डायल 112 पर शिकायत मिलने पर पुलिस मौके पहुंचती, तब तक उत्पाती युवक अपना काम करके वहां से फरार हो चुके थे। शहर के पुरानी तहसील क्षेत्र में पुरानी नगर पालिका के पीछे सरकार की तरफ से युवाओं के पढ़ने के लिए बाबू बालमुकंद गुप्त जिला पुस्तकालय बनाया गया है। यहां प्रतिदिन सैकड़ों लड़के- लड़कियां पढ़ने के लिए आते हैं। शनिवार को पुस्तकालय में सुबह के समय एक लड़की के साथ किसी बात को लेकर एक छात्र अंकित देशवाल का विवाद हुआ था। छात्र अंकित की माने तो उसी दौरान मामले में बनी गलतफहमी भी लड़की से दूर कर ली गई थी, लेकिन उस घटना के कुछ ही देर बाद करीब 20 से 25 बाहरी युवक इस सरकारी पुस्तकालय में आ घुसे। इस दौरान इन युवकों ने इस सरकारी पुस्तकालय में जमकर उत्पात मचाया। वहीं उन्होंने पुस्तकालय इंचार्ज के कार्यालय में घुसकर यहां फर्नीचर को तोड़ डाला।