हरियाणा के सहकारिता, कारागार, विरासत एवं पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने शनिवार को राजकीय पीजी नेहरू कॉलेज के 56वें दीक्षांत एवं पारितोषिक वितरण समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। उन्होंने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया और स्नातक एवं स्नातकोत्तर के 1195 विद्यार्थियों को डिग्री प्रदान की। डॉ. शर्मा ने समारोह में उपस्थित विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि 21वीं सदी में भारत दुनिया का सिरमौर बनेगा। इसके लिए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी युवाओं को नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के माध्यम से एक नया मंच प्रदान कर रहे हैं, जिससे युवा शक्ति की प्रतिभा और क्षमता को निखारने के लिए अनुकूल माहौल तैयार हो सके। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे देश और समाज के उत्थान में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें। मुख्य अतिथि डॉ. अरविंद शर्मा ने डिग्री प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि डिग्री हासिल करना किसी के जीवन का महत्वपूर्ण पड़ाव होता है। यह न केवल विद्यार्थियों के लिए बल्कि उनके माता-पिता के लिए भी गर्व का क्षण होता है। उन्होंने छात्रों से आह्वान किया कि वे शिक्षा के महत्व को समझें और अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहें। उन्होंने कहा कि मेहनत और लगन से पढ़ाई करने वाले विद्यार्थी जीवन में कभी असफल नहीं होते। डॉ. शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का महिला सशक्तिकरण संकल्प हरियाणा में मुख्यमंत्री मनोहर लाल के नेतृत्व में पूरा किया जा रहा है। आज महिलाएं हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं और अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं। कार्यक्रम के दौरान डॉ. अरविंद शर्मा ने कॉलेज प्राचार्य द्वारा दी गई मांगों को लेकर सकारात्मक रुख अपनाते हुए कहा कि वे झज्जर पीजी कॉलेज के पूर्व छात्र रहे हैं। इसलिए वे इस कॉलेज के विकास के लिए हर संभव प्रयास करेंगे। उन्होंने कॉलेज लाइब्रेरी के लिए 11 लाख रुपये देने की घोषणा करते हुए कहा कि विद्यार्थियों को लाइब्रेरी से प्रेम करना चाहिए, क्योंकि ज्ञान ही उन्हें सफलता के शिखर तक पहुंचा सकता है। समारोह के दौरान पिछले छह वर्षों में स्नातक एवं स्नातकोत्तर उत्तीर्ण करने वाले 1195 विद्यार्थियों को डिग्री प्रदान की गई। इनमें 566 स्नातकोत्तर और 629 स्नातक छात्र-छात्राएं शामिल रहे।