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VIDEO : दादरी में शोपीस बनी 70 लाख से लगाई ट्रैफिक लाइटें, अब तक नहीं हो पाईं चालू

चरखी-दादरी की यातायात व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए नगर परिषद ने दो माह पहले 5 मुख्य चौराहों पर ट्रैफिक लाइटें लगाई थीं। लंबा समय बीतने के बाद भी पांचों लाइटें चालू नहीं हुई हैं और इसके चलते यातायात व्यवस्था बेपटरी है। वहीं, ट्रैफिक पुलिस का तर्क है कि एक आरओबी बंद होने के कारण कॉलेज रोड पर वाहनों की संख्या बढ़ी है, जिससे जाम लग रहा है और इसके मद्देनजर ट्रैफिक लाइटें बंद की गई है। बता दें कि नगर परिषद की ओर से करीब छह माह पहले ट्रैफिक लाइटें लगाने की कवायद शुरू की गई थी। जनवरी में यह कार्य पूरा हो गया था और इसके बाद नगर परिषद चेयरमैन बक्शीराम सैनी ने पार्षदों और ट्रैफिक एसएचएओ निरीक्षक रमेश कुमार की मौजूदगी में 30 जनवरी को नारियल फोड़कर ट्रैफिक लाइटों का शुभारंभ किया था। उस दौरान जेब्रा क्रॉसिंग व अन्य छुटपुट खामियां ठीक कर दो-तीन दिन के अंदर पूरे शहर की ट्रैफिक लाइटें चालू करने का दावा किया गया था। अब हकीकत यह है कि करीब दो माह बीतने के बाद भी पांचों चौराहों पर लगाई गईं ट्रैफिक लाइटें बंद हैं। इसके चलते चौराहों से बेतरतीब ढंग से वाहन गुजरते हैं और हादसे का अंदेशा बना रहता है। वहीं, शहरवासियों ने यातयात व्यवस्था में सुधार के लिए 70 लाख से लगाई गई ट्रैफिक लाइटों को चालू करने की मांग की है। इन चौराहों पर लगाई हैं ट्रैफिक लाइटें नगर परिषद ने शहर से गुजरने वाले वाहनों की संख्या को देखते हुए दिल्ली बाईपास स्थित समसपुर टी प्वाइंट, रावलधी चौक, चिड़िया रोड, लोहारू चौक व महेंद्रगढ चौक पर ट्रैफिक लाइटें लगवाई हैं। इन चौराहों से प्रतिदिन करीब 50 हजार से अधिक वाहनों का अवागमन होता है। जानिये...किस ट्रैफिक लाइट की क्या स्थिति 1- चिड़िया टी-प्वाइंट: शहर के चिड़िया टी-प्वाइंट पर लगाई गई ट्रैफिक लाइट बंद है। यहां से महेंद्रगढ़ और रेवाड़ी जिला में जाने के लिए प्रतिदिन दस हजार से अधिक वाहन चालक गुजरते हैं। इसके समीप ही अनाज मंडी स्थित है और अब यहां वाहनों की संख्या और बढ़ेगी। 2- समसपुर टी-प्वाइंट: समसपुर टी प्वाइंट से नारनौल, महेंद्रगढ़, दिल्ली, जयपुर, गुरूग्राम जाने के लिए वाहन चालक गुजरते हैं। यहां से प्रतिदिन दस हजार से अधिक वाहनों का आवागमन होता है। यह ट्रैफिक लाइट कुछ दिन चली, लेकिन अब कई दिनों से बंद पड़ी है। 3- रावलधी चौक: रावलधी चौक से रोहतक ,चंडीगढ़ व भिवानी आने-जाने वाले वाहन चालक आवागमन करते हैं। वहीं, खनन क्षेत्रों से आने वाले 80 फीसदी भारी वाहन भी यहीं से गुजरते हैं। यहां चौराहा नहीं है जबकि ट्रैफिक लाइटें भी बंद हैं और ऐसे में यहां हादसों का अंदेशा बना है। 4- भिवानी रोड टी-प्वांइट: रावलधी-भिवानी लिंकमार्ग पर भिवानी टी-प्वाइंट पर ट्रैफिक लाइटें लगाई गई हैं और ये लाइटें भी बंद पड़ी हैं। यहां से लोहारू, बाढड़ा, भिवानी, पिलानी व नारनौल आदि रूटों पर जाने वाले प्रतिदिन दस हजार से अधिक वाहन चालक गुजरते हैं। 5- लोहारू चौक: लोहारू चौक पर भी नगर परिषद की ओर से ट्रैफिक लाइटें लगाई गई थी जो बंद पड़ी हैं। यहां से प्रतिदिन आठ हजार से अधिक वाहन चालक गुजरते हैं और ट्रैफिक लाइटें बंद होने से यहां जाम की स्थिति बनी रहती है। ट्रैफिक लाइट चालू होने से व्यवस्था सुधरेगी। अधिकारी के अनुसार रावलधी-भिवानी लिंकमार्ग पर बने आरओबी की मरम्मत के कारण दिल्ली रोड से गुजरने वाले भारी वाहनों की संख्या अधिक हो गई थी। लाइटों के चालू होने के कारण वाहनों की लंबी कतार लगने से जाम लग जाता था और इसके चलते कुछ दिनों के लिए ट्रैफिक लाइटें बंद की गई हैं। आरओबी मरम्मत कार्य पूरा होने के बाद इन्हें चालू करवा दिया जाएगा। -रमेश कुमार, एसएचओ, यातायात थाना प्रभारी।

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