पटपड़गंज इंडस्ट्रियल एरिया के गेट नंबर-1 से महज कुछ ही दूरी पर फुटपाथ के पास बने नाले का स्लैब गायब है। ऐसे में खुले पड़े ये नाले स्थानीय लोगों और यहां से रोजाना गुजरने वाले नौकरीपेशा वालों के लिए मुसीबत का सबब बना हुआ है। आलम यह है कि लोगों को अपनी जान जोखिम में डालकर चलना पड़ रहा है। दिन के वक्त तो जैसे-तैसे लोग बचकर निकल जाते हैं, लेकिन रात के अंधेरे में यह रास्ता बेहद खतरनाक हो जाता है। स्ट्रीट लाइट की पर्याप्त रोशनी न होने के वजह से खुले पड़े नाले दिखाई नहीं देते, जिससे हर वक्त किसी बड़ी अनहोनी की आशंका बनी रहती है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर समय रहते प्रशासन ने इन नालों को स्लैब से नहीं ढका, तो यहां कभी भी मुकुंदपुर जैसा दर्दनाक हादसा हो सकता है। पटपड़गंज इंडस्ट्रियल एरिया में काम करने वाले रमेश कुमार ने बताया कि इस नाले के पास से रोजाना सैकड़ों लोगों का आना-जाना होता है।