गौतमबुद्ध नगर जिला कारागार में अधूरी पड़ी राधा-कृष्ण की प्रतिमा का पूरा होने का इंतजार है। इन प्रतिमाओं को पूरा कराने के लिए जिला कारागार प्रशासन कवायद में जुटा हुआ है। 302 के आरोप में बंद पिता-पुत्र और 376 के आरोप में बंद युवक ने राधा-कृष्ण की चार फीट की प्रतिमा को बना रहे थे, लेकिन प्रतिमा को बनाते समय ही 302 के आरोप में बंद पिता-पुत्र को जमानत मिल गई थी। वहीं, 376 के आरोप में बंद युवक को न्यायालय से बरी कर दिया गया था। यह तीन लोग ही जेल में 6-6 वर्ष की सजा काट चुके थे। इन्हें डेढ़ महीने के पहले ही छोड़ा गया था।