नोएडा सेक्टर 82 स्थित ईडब्ल्यूएस पॉकेट 7 में सीवर ओवरफ्लो की समस्या से लोग परेशान हैं। रोजाना सीवर ओवर फ्लो होकर लोगों के फ्लैट के सामने गली में बहता रहता है। पॉकेट 7 के अलग-अलग ब्लॉकों में यह समस्या बनी हुई है। इस संबंध में सेक्टर की आरडब्ल्यूए की ओर से लगातार शिकायत की जा रही है लेकिन नोएडा प्राधिकरण की ओर से कोई सुनवाई नहीं हो रही है। निवासियों का कहना है कि पॉकेट 7 की सीवर लाइन का पानी मुख्य लाइन तक नहीं पहुंच रहा है क्योंकि सीवर लाइन कहीं पर दबी या क्षतिग्रस्त है जिसका पता लगाया जाना जरूरी है। इससे बदबू से हाल बेहाल रहता है और संक्रमण का खतरा भी बढ़ रहा है। यह समस्या सेक्टर 82 ईडब्ल्यूएस पॉकेट 7 के निवासियों ने रविवार को परिसर में आयोजित अमर उजाला संवाद में बताई। बताया कि पॉकेट 7 के अंदर बिजली के पोल और बिजली के पैनल जर्जर अवस्था में और खुले पड़े हैं। बिजली के पोल नीचे से गल चुके हैं जिन्हें बदलने के लिए गड़्ढे खोदे गए थे लेकिन काम पूरा नहीं हुआ। ट्रांसफार्मर के आसपास की जाली टूटी हुई है और चेंज ओवर भी खुले पड़े हैं। ऐसे में हर ओर खतरा बना हुआ है। बच्चे खेलते हैं और बुजुर्ग आसपास से निकलते हैं तो डर बना रहता है। इसके अलावा पार्कों का रखरखाव भी नहीं हो रहा है। गर्मी शुरू होते ही यहां पर पानी की दिक्कत बढ़ जाती है। पानी का प्रेशर लो रहता है इससे पानी ऊपरी तल तक नहीं पहुंच पाता है। पॉकेट 7 से लगे हुए विवेक विहार की एक सोसाइटी में कूड़ा निस्तारण प्लॉट लगाया गया है। इस प्लांट से गैस की बहुत बदबू आती है जिससे निवासी बहुत परेशान रहते हैं। खाली फ्लैट हो रहे जर्जर, खतरा बना हुआ निवासियों ने बताया कि यहां पर 884 फ्लैट हैं जिसमें करीब 50 फ्लैट अबतक नोएडा प्राधिकरण के हैं। इन फ्लैट में कुछ लोग रह रहे हैं और कुछ फ्लैट खाली पड़े हैं। यह फ्लैट बिल्कुल जर्जर हो गए हैं। कमजोर और जर्जर दीवारों से ईंट और सरिया दिखाई देती हैं। इसके अलावा दीवारों और छत के किनारे पर घास और पेड़ निकल आए हैं। प्लास्टर झड़ रहा है। ऊपर के फ्लैट की हालत जर्जर होने की वजह से नीचे तल पर रहने वालों में डर का माहौल रहता है। ऐसा लगता है कि कभी भी कोई हादसा हो सकता है। निवासियों से बातचीत पॉकेट 7 के अंदर कुल 42 ब्लॉक हैं और सभी जगह सीवर ओवरफ्लो होकर गलियों में बहता रहता है। डेढ़ साल से लगातार पत्राचार करने के बाद भी नोएडा प्राधिकरण नहीं सुन रहा। राघवेंद्र दुबे, आरडब्ल्यूए अध्यक्ष पॉकेट 7 के अंदर बिजली के पैनल, चेंज ओवर खुले पड़े हैं। ऐसे में हर तरफ करंट का खतरा है कभी भी कोई बड़ी घटना हो सकती है। रवि राघव, आरडब्ल्यूए उपाध्यक्ष पॉकेट 7 के अंदर कुछ फ्लैट जो अबतक नोएडा प्राधिकरण के हैं, इनकी हालत बिल्कुल जर्जर हो चुकी है। दूसरे लोगों को खतरा बना हुआ है। सुशील पाल, कोषाध्यक्ष पॉकेट 7 के पार्कों का रखरखाव किया जाना चाहिए। यहां पर विवेक विहार में लगा कूड़ा निस्तारण का प्लांट भी हटाया जाना चाहिए। गोरे लाल कुमार, महासचिव प्रतिनिधि बिजली के पैनल और चेंज ओवर खुले होने की वजह से बच्चों के लिए बहुत बड़ा खतरा बना हुआ है। बरसात में करंट की समस्या बढ़ जाती है। पप्पू सिंह, सचिव समस्याओं के निवारण के लिए नोएडा प्राधिकरण को पत्र दिया जाता है लेकिन नोएडा प्राधिकरण की ओर से इसे गंभीरता से नहीं लिया जाता है, कोई कार्रवाई नहीं होती। उत्तम चंद्रा, आरडब्ल्यूए सदस्य