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VIDEO: चकराता विंटर कार्निवाल में झलकी जौनसारी जनजाति की छटा

अलका त्यागी Updated Thu, 12 Feb 2026 10:52 PM IST

छावनी बाजार स्थित शहीद चौक पर आयोजित तीन दिवसीय प्रथम चकराता शीत महोत्सव (विंटर कार्निवल) का बृहस्पतिवार को भव्य शुभारंभ हुआ। महोत्सव आगामी शनिवार तक चलेगा। महोत्सव का उद्घाटन छावनी परिषद के मुख्य अधिशासी अधिकारी रिपुदमन सिंह और एसडीएम हर्षिता सिंह ने दीप प्रज्वलित कर किया। महोत्सव के पहले दिन पूरे छावनी बाजार में जौनसार-बावर की लोक संस्कृति पर आधारित आकर्षक झांकियां निकाली गईं। कार्यक्रम में पौराणिक एवं पारंपरिक लोकगीतों व लोकनृत्यों की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं। जनजातीय क्षेत्र की प्रसिद्ध बूढ़ी दीपावली की झलक प्रस्तुत की गई, वहीं पारंपरिक बुढ़ीयात नृत्य ने दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया। डॉ. नंद लाल भारती के निर्देशन में लोक कला मंच चकराता के कलाकारों ने ठोड़ा नृत्य, हारुल, परात नृत्य और जंगबाजी जैसे पारंपरिक लोकनृत्यों की शानदार प्रस्तुति दी, जिन्हें स्थानीय लोगों और पूर्व सैनिकों ने खूब सराहा। महोत्सव में स्थानीय उत्पादों और पारंपरिक व्यंजनों के स्टॉल भी आकर्षण का केंद्र रहे। महिला समूहों और स्थानीय लोगों द्वारा मोटे अनाजों से बने व्यंजन असके, उलवे, पिनवे, मशाड़ा भात, लाल चावल-राजमा, सत्तू छाछ, कंडाली की सब्जी, मंडुवे की रोटी, सुसुवे का साग, आजे, सेल रोटी, रागी की नमकीन और रागी लड्डू को लोगों ने बड़े चाव से चखा। इसके अलावा पहाड़ी नमक, कुल्थ दाल, लाल चावल, पारंपरिक वस्त्र घाघरा, जघा, डांटू, चोड़ा, जुड़ा तथा देवदार की लकड़ी से बनी हस्तशिल्प वस्तुओं के स्टॉल भी लगाए गए।

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