कासगंज/पटियाली। जनपद में जानलेवा बुखार का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा। बुखार की चपेट में आकर लगातार मौतें हो रहीं हैं। पटियाली क्षेत्र में दो अलग-अलग गांवों में दो बच्चों की और बुखार से मौत हो गई। जबकि बड़ी संख्या में लोग बुखार की चपेट में हैँ, लेकिन स्वास्थ्य विभाग लोगों को समुचित उपचार नहीं दे पा रहा।
सहावर के चांडी निवासी एलविंस (6) पुत्र राजू अपनी ननिहाल नगला सुम्मेर में रह रहा था। उसे दो दिन पहले अचानक बुखार आ गया। परिजनों ने उसका इलाज भी कराया लेकिन कोई राहत नहीं मिली। उसने बृहस्पतिवार की देर शाम दम तोड़ दिया। नगला रगी में सूरज (12) पुत्र मंजू सिंह को दो दिन पहले बुखार आया। दवा देने पर बुखार उतर गया। बृहस्पतिवार को उसे फिर से बुखार आया। इसके बाद परिजन उसे उपचार के लिए पटियाली लेकर जा रहे थे। तभी रास्त में उसकी मौत हो गई। वह परिवार का अकेला बेटा था।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने भरगैन में एक दिन पहले मासूम की मौत होने के बाद आसपास के लोगों की जांच की। 31 लोगों का परीक्षण किया गया। जिसमें से 17 लोग बुखार से पीड़ित निकले। इन सभी पीड़ितों की मलेरिया एवं कोरोना की जांच की गई, लेकिन रिपोर्ट निगेटिव आई। पटियाली के मोहल्ला शेखान में समीर (12), बोबिल (20) को तीन दिन पहले बुखार आया। जब हालत मे सुधार नहीं हुआ तो निजी चिकित्सकों ने उसे अलीगढ़ रेफर कर दिया। मोहल्ला काजी में नदीम (12), हिना (13), नगमा (25) बुखार आने के बाद निजी चिकित्सक के इलाज करा रहे है।
मौत के बाद चेतता है स्वास्थ्य विभाग
कासगंज। जिले से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में लोग बुखार की चपेट में आ रहेेेेेे हैं, लेकिन विभाग की टीमें गांव में नहीं पहुंच रहीं। जब किसी क्षेत्र से बुखार से मौत की सूचना मिलती है उसके बाद ही विभाग हरकत में आता है और टीम भेजकर जांच कराता है।