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भाई ने भी यश कमाने हेतु तीस हजार दे डाले

vijaya Gupta

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            समाज पैसों का कितना लालची,
        
                                                    
                            
रिश्ते सारे बौने,
सौभाग्य कुछ नहीं,
पैसा ही सब कुछ,
एक लड़की अधेड़,अनपढ़,कुरूप
नौकरी लगवा दी,
समझे सर्वश्रेष्ठ,
शादी करवा दी किसी उम्र में छोटे बेचारे से,
पैसों के लिए महीनों पीहर आकर रुकती,
भाभी की दुर्गति बना कर रख दी,
कुछ कहे सारा घर सर पर उठा डालती,
मकान बन गया
पैसों के लिए सब जगह क्लेश करती,
एक रोज खबर आई ,
पति दुर्घटना में मारा गया,
भाई पूछे दुर्घटना किससे हुई,
ट्रोला से घसीटता हुआ ले गया ,
चलो दस लाख तो हाथ की हाथ मिल जायेंगे,
आगे और क्लेम करेंगे,
तीन छोटे बच्चे है,
भाई ने भी यश कमाने हेतु तीस हजार दे डाले,
एक घंटा पहले
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