विज्ञापन

स्वतंत्रता दिवस पर हम झंडा फहराते

Updesh Kumar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            स्वतंत्रता दिवस पर हम झंडा फहराते।
        
                                                    
                            
अपनी खुशी में इतराते किसे जलाते।।

लोग तकल्लुफ करते य़ह कहने का।
जुलूस निकलकर बताते किसे जलाते।।

शहीद जिंदा महसूस होते महफ़िल में।
उन्हीं के लिए नारे लगाते किसे जलाते।।

जेन जी जेन अल्फा बने रंग की खुशबू।
होली की तरह फैला कर किसे जलाते।।

जलेंगे वही जो ग़द्दार सत्ता में 'उपदेश'।
अन्दर ही अन्दर सुलगते खुद को जलाते।।
- उपदेश कुमार शाक्यावार 'उपदेश'
 
3 घंटे पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all

Mamta Tiwari

625 कविताएं

View Profile

priyanka singh

1 कविता

View Profile

Raj Singh

2 कविताएं

View Profile

Mahesh Rautela

476 कविताएं

View Profile

Sanjay Kumar

2 कविताएं

View Profile