विज्ञापन

कुछ दूर कुछ पास

sudesh saini

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            जब भी हम हुए उदास,
        
                                                    
                            
थाम लिया तुम आकर हाथ।
कुछ दूर रहे कुछ रहे पास,
कट जायेगा यूँ जिन्दगी का सफर साथ ।।
3 महीने पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all