मुसलसल खिड़कियां बंद रहनी
अच्छी नहीं,
ताज़ा हवाऐं चलती सासों में
घुल पाती नहीं,
ज़रूरत है के माहौल हरदम
ताज़ादम रहे,
दरवाज़े बंद हों तो नई सोच
दाख़िल हो पाती नहीं.