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सच और झूठ

Rajani Shakyawar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            सच और झूठ
        
                                                    
                            

हुनर रखो सच और झूठ को परखने का,
हर बात पर यूँ यकीन मत किया करो।
कानों में ज़हर घोलना तो ज़माने का काम है,
तुम बस अपने विवेक से फैसला किया करो।

हर चमकती चीज़ सोना नहीं होती,
हर मीठी बात में सच्चाई नहीं होती।
लोग तो कहानी अपनी तरह सुनाएँगे,
तुम सच को अपनी नज़र से पहचाना करो।

इल्ज़ामों की भीड़ में सच अक्सर अकेला होता है,
और झूठ का शोर बहुत बड़ा होता है।
इसलिए आवाज़ नहीं, हकीकत पर भरोसा रखो,
सच को परखने का हुनर अपने पास रखा करो।

- रजनी
7 घंटे पहले
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