ख़ाली समय तेरे ख्यालों में ज़ाया नहीं करता,
क़ैद करता परिंदा उसे आज़ाद नहीं करता ।
कुछ तो था तेरे मेरे दरमियाँ,
वरना मेर जैसा इंसान किसी की फ़िक्र नहीं करता ।
यही तो फ़र्क़ है तेरे और मेरे बीच,
मैं झूठे ख़्वाब दिखाया नहीं करता ।
सेकड़ो खामियाँ गिनाई लोगो ने तुम्हारी,
मैं इश्क़ के सौदे में फ़ायदा देखा नहीं करता ।