उम्मीद की एक लौ
अब भी बाक़ी है।
अँधेरे को चीरती
अब भी बाक़ी है।
तेज़ हवाओं में
अब भी बाक़ी है।
सर्द जहाँ में
अब भी बाक़ी है।
तुम्हारा इंतज़ार
अब भी बाक़ी है।
मेरा इम्तिहान
अब भी बाक़ी है।
जुदाई का ग़म
अब भी बाक़ी है।
मिलने की आशा
अब भी बाक़ी है।
संग जीने का ख़्वाब
अब भी बाक़ी है।
साथ गुज़रे पलों की याद
अब भी बाक़ी है।
न जाने कितनी साँसें
अब भी बाक़ी है।
तेरे प्यार की कसमें
अब भी बाक़ी है।