कविता : अमीरी और गरीबी....
तुम अमीर बनोगे तो तुम्हारे घर
हर कोई आ कर पिएंगे खाएंगे
तुम गरीब रहोगे तो तुम्हारा
हाल पूछने कोई भी नहीं आएंगे
तुम गरीब रहोगे तो तुम्हारा
हाल पूछने कोई भी नहीं आएंगे.......