तुम्हारे आने का इंतज़ार (भाग 1)(d)
1)तुम मेरी हँसी
तुम मेरी हँसी,
तुम मेरी ख़ुशी,
तुम मेरा जुगाड़,
तुम मेरा पानी।
जब मिलो तो
मैं बन जाऊँ एक कमाल।
आओ कि हम इंतज़ार कर रहे,
बिन हुए वाला प्यार कर रहे हैं।
साथ रहो,
साथ जियो,
ये सवाल कर रहे हैं।
ज़िंदगी ख़ूबसूरत है,
कहें क्यों हम तुम
झूठ-मूठ का बवाल करें।
हम लड़ेंगे नहीं,
बस तुम्हें बे मतलब प्यार करेंगे।
2)मेरी नींद में तुम हो,
मेरी नींद में तुम हो,
मेरी बात में तुम हो,
मेरी रात में तुम हो,
मेरे जज़्बात में तुम हो।
तुम सुकून,
तुम जुनून।
कायनात भी तुम हो,
गुज़रा हुआ वक़्त भी तुम हो,
सौगात भी तुम हो,
आग़ाज़ भी तुम हो,
मेरी आग भी तुम हो,
मेरी औक़ात भी तुम हो।
लगभग सब तुम हो,
तो तुम कहाँ गुम हो?
आओ मेरी ज़िंदगी में,
आगोश बनो,
नया उजाला भरो,
नए सवेरे करो।
नए गीत लिखूँ तुम पर,
तुम्हें सुनाऊँ।
तुम आओ तो रह जाओ जीवन में,
साथी बनकर,
मेरी हमराही बनकर।
क़रार आए मेरे दिल को,
चैन आए मेरे दिल को,
जो तुम मेरी ज़िंदगी में आओ।
3)रूबरू तुमसे
रूबरू तुमसे हो रहे हैं,
मिलन की घड़ी आ रही है,
चिड़िया भी खुशियाँ मना रही है,
हवा कोई गीत गा रही है।
और हम हँसकर
एक-दूसरे से मिल रहे हैं,
न जाने कितने अरमान
आज आँखों में खिल रहे हैं।
सोच रहा हूँ उस वक़्त के बारे में,
जो तुम्हारे साथ बिताएँगे,
कुछ पल तुम्हें देखेंगे,
कुछ पल तुम्हें मुस्कुराएँगे।
सोच रहे हैं उस नए रिश्ते के बारे में,
जो शायद आज से शुरू होगा,
दो अजनबी दिलों के बीच
प्यार का एक नया सफ़र होगा।
जो ख़्वाहिश अधूरी थी अब तक,
वो आज पूरी हो रही है,
जिसका इंतज़ार था बरसों से,
वो घड़ी अब करीब हो रही है।
रूबरू तुमसे हो रहे हैं,
मिलन की घड़ी आ रही है,
और मेरे दिल की अधूरी कहानी
आज पूरी होने जा रही है।
4)तुम मेरे अंदर समाई हो
तुम मेरे अंदर समाई हो
मैंने अपने अंदर झाँका तो
बस तुम्हें पाया,
न जाने कब तुमने
मुझमें अपना घर बनाया।
तुम मेरे अंदर समाई हो,
मेरी हर साँस में आई हो,
तुमसे मिले तो हम खुद को
पहचान नहीं पाए,
जैसे खुद से ही दूर होकर
तुममें कहीं खो गए।
फिर तुमसे बिछड़कर
ये एहसास हुआ,
तुम सिर्फ़ मेरी चाहत नहीं,
मेरी ज़रूरत हो।
फिर जब तुमसे मिले,
तो जाना हमने—
कितनी ज़रूरी हो तुम
मेरी कृति के लिए,
मेरी हर कविता के लिए,
मेरी हर कहानी के लिए।
शायद तुम सिर्फ़ मेरी ज़िंदगी का
एक किरदार नहीं हो,
तुम वो एहसास हो
जिसके बिना
मेरी कृति भी अधूरी है
और मैं भी।
5)तुम्हें आना होगा
तुम्हें आना होगा,
तुम्हें मुझमें समाना होगा,
तुम्हें मेरा होना होगा,
मुझे भी तुम्हारा हो जाना होगा।
मैं तुमसे दूर नहीं रह सकता,
अब तुम्हें मेरा और
मुझे तुम्हारा होना होगा।
इस दूरी को अब
यहीं कहीं ठहरना होगा,
इस वक़्त को भी आकर
हमारे आगे झुकना होगा।
हमें इस पल को
तुमसे मिलाना होगा,
जो अधूरा है अब तक
उसे पूरा बनाना होगा।
क्या कहूँ हाल-ए-दिल का हाल,
तुम आओ तो सुनाएँ तुम्हें,
दिल में छुपा रखा है
जो प्यार तुम्हारे लिए,
वो सब आज बताएँ तुम्हें।
बताएँ कि कितना प्यार है हमें तुमसे,
शायद शब्द कम पड़ जाएँ,
तो आँखों से दिखाएँ तुम्हें,
जो कह न सके कभी लफ़्ज़ों में,
वो अपना पूरा दिल
तुम्हारे सामने रख जाएँ तुम्हें।
6)साथ तुम्हारा
नीले-नीले बादल होंगे,
हल्की-सी बरसात होगी,
हवा चलेगी धीमी-धीमी,
मौसम में मीठी-सी बात होगी।
हम तुममें गुम होंगे,
और तुम हममें गुम होगी,
आँखों में एक-दूजे का सपना,
दिल में प्रेम की धुन होगी।
साथ निभाने का वादा होगा,
हर कदम साथ चलने का इरादा होगा,
सात समंदर पार भी जाना पड़े,
तो हाथों में हाथ हमारा होगा।
सुख में होंगे, दुःख में होंगे,
हर पल एक-दूजे के संग होंगे,
हम निभाएँगे साथ तुम्हारा,
तुम भी निभाना साथ हमारा।
कहना कुछ भी नहीं होगा,
बस आँखों से बातें होंगी,
बिन बोले एक-दूसरे के
हर एहसास को समझेंगे।
तुम मेरी ख़ामोशी पढ़ लेना,
मैं तुम्हारी आँखें पढ़ लूँगा,
दुनिया चाहे जो भी कहती रहे,
मैं हर हाल में तुम्हारे साथ खड़ा रहूँगा।
और जब उम्र ढल जाएगी,
बालों में चाँदी उतर आएगी,
तब भी यही हाथ तुम्हारा होगा,
और मेरे होंठों पर
बस नाम तुम्हारा होगा।
7)आधा हम, आधा तुम
तुम खूबसूरत हो,
तुम्हारी आँखें भी खूबसूरत हैं,
तुम्हारे बालों की हर लट खूबसूरत है,
तुम्हारी हर अदा भी खूबसूरत है।
तुम मेरी जान बनो,
अब आओ मेरी ज़िंदगी में,
चलो मिलकर पूरी करें
अपनी अधूरी कहानी।
जो सपना अधूरा था कभी,
अब वो पूरा-सा लग रहा है,
जो दिल अकेला था मेरा,
वो तुम्हारे साथ धड़क रहा है।
आधा हम थे,
आधा तुम थीं,
अब मिलकर लगता है
जैसे पूरे तुम हो रहे हो,
और पूरे हम हो रहे हैं।
साथ रहकर अपनी कहानी
हर दिन नए रंगों से बुन रहे हैं,
कल तक जो ख़्वाब था आँखों में,
आज उसे साथ मिलकर जी रहे हैं।
तुम मेरी कहानी का
सबसे खूबसूरत हिस्सा बनो,
मैं तुम्हारी कहानी का
वो पन्ना बनूँ
जिसे तुम कभी बंद न करना चाहो।
आधा तुम, आधा हम—
अब यही तो है हमारी कहानी,
दो अधूरे दिल मिले
तो बन गई
एक पूरी ज़िंदगानी।