विज्ञापन

कोई शय नहीं सताती

Nathuram Kaswan

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            मोहब्बत की बात तो छोड़िए जनाब हमें तो नफ़रत तक करनी नहीं आती
        
                                                    
                            
अहसासे-वस्लो-विसाल जबसे गया हयात में हमको कोई शय नहीं सताती
-एन आर कस्वाँ
7 घंटे पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all

sunil kumar

181 कविताएं

View Profile

Anita Chaturvedi

161 कविताएं

View Profile

RATAN KUMAR

578 कविताएं

View Profile