अंधकार जगत में,
गगन दिख रहा भगवा रंग में ,
पंछी चहुँ दिशा तान में,
रवि आगमन का समय है,
नील गगन तारे भागे,
चाँदनी किरणें को ,
चाँद ने समेटना,
रवि राज आगमन,
कही शंखनाद हो रहा,
दूर पहाड़ी ,वो मंदिर,
घंटीयो ध्वनियों से ,
विद्यमान हो रहा,
प्रभात समय है,
नील गगन तारे भागे,
हवा के झोंके मध्यम ,
तीव्रता से बहते,
पंछियों के झुण्ड,
नव प्रभात वेला में,
पंख फैला आसमान घूमें,
प्रकाश रवि का अब,
धीरे धीरे फैल रहा है,
नील गगन तारे भागे....