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इसी का नाम है - दोस्ती

Khushi Sharma

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            एक अजनबी की जिंदगी में ,
        
                                                    
                            
इतनी अहमियत हो सकती है।
उसकी याद में ये आंखें ,
एक दिन नम भी हो सकती है।।

ना चाहते हुए भी हमारे अपने ,
हमारे दर्द की वजह बन जाते है।
एक अजनबी इस दर्द पर ,
मरहम-सा छा जाते हैं।।

उसे अजनबी से न जाने जुड़ गया कैसा ?
यह रिश्ता और बंधी एक प्यार की डोर है।।

शायद इसी का तो नाम है दोस्ती,
हां इसी का नाम है दोस्ती। -2

खून के रिश्ते से बढ़कर ,
दिलों के रिश्ते की कीमत होती है।
तभी तो कहते हैं दोस्ती ,
हर रिश्ते से महान होती है।।

हर सीने में एक दिल धड़क रहा ,
जिस पर किसी का जोर नहीं होता ।
अगर सच्चा यार साथ हो तो मुसीबत में ,
कोई यार कमजोर नहीं होता।।

इस रिश्ते में छिपा एक अनोखा प्यार है,
जिंदगी में सबसे ऊपर रखा हमने अपना यार है।।

शायद इसी का तो नाम है दोस्ती,
हां इसी का नाम है दोस्ती। -2

खून का रिश्ता खुद ऊपर ,
वाला बनाया करता है।
दिलों के रिश्तों की जिम्मेदारी ,
हमें सौंप दिया करते हैं ।।

तभी तो मुलाकात की जरूरत किसे ?
दूरी भी मीठी एहसास - सी लगती है ।
एक दूसरे से दूर रहकर भी,
हमारी यारी कोहिनूर से चमकती है।।

प्यारी -सी मुस्कान ,एक छोटी -सी पहचान,
एक -दूसरे के साथ हर राह आसान।।

शायद इसी का तो नाम है दोस्ती ,
हां , इसी का नाम है दोस्ती। -2

दोस्ती के खातिर हम अपना ,
हर फर्ज़ निभाएंगे।
इस रिश्ते को हम ,
मुकम्मल कर दिखाएंगे ।।

ना छोटे साथ न मिटे जज्बात ,
क्योंकि हमारी मुस्कान एक -दूसरे से।
हर जन्म में बना रहे साथ हमारा ,
यही फरियाद है उस रब -से ।।

हर सुख दुख में साथ रहेंगे ,
एक दूसरे के हमेशा खास रहेंगे ।।

शायद इसी का तो नाम है दोस्ती,
हां इसी का नाम है दोस्ती। -2
2 महीने पहले
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