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बनता शातिर है मगर

Dr. K.

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            हमने दिल बारहा टटोला है,
        
                                                    
                            
ये कभी बर्फ़ कभी शोला है।
ख़ुद से ही रूठता बहलता है,
बनता शातिर है मगर भोला है।
 
- डॉ. कुँवर वीरेन्द्र विक्रम सिंह गौतम
3 वर्ष पहले
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