बोलो सच्चा दरबार,मैय्या की ज्योत जला लो
गा गाके भजनों से प्रीत लगा लो
करो सहाई मां,भक्तों की रूप-जलवा दिखा दो
जिंदगी बदल दो मैया, बेड़ा पार ही लगा दो ।
तेरा ही उपकार मैया,तेरा ही दरबार है
ज्योति जले, तेरी हरदम मैय्या,
तुम पर ही एतबार है ।
सारे भक्त बने दीवाने मैया,तू ही सर्वासार है ।
तेरे रूप हैं न्यारे-2 मैया,रोग-शोक को भगा दो
बाधाओं का करो निवारण मैया,
हर बुराई को भगा दो ।
अजीमुद्दीन,को भक्ति का मैय्या, मार्ग तुम दिखा दो ।
अजीमुददीन सैफी
ग्राम पोस्ट इस्माईलपुर
जिला बुलंदशहर उ०प्र०