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कुछ पल

Atul Dubey

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            अश्कों को अपने पी लेता मैं
        
                                                    
                            
मन की मन में सी लेता मैं
चुप रह जाता गीत न गाता तेरी बेवफ़ाई का
यदि कुछ पल तेरे संग जी लेता मैं

आज मैं बातें कल की कर लेता
कुछ पल में हर पल की कर लेता
गोदी में सर रख कर सो जाता
सपनों में थक कर सो जाता
बस इतनी-सी मोहलत दे देती
चुप रह जाता गीत न गाता तेरी बेवफ़ाई का
यदि कुछ पल तेरे संग जी लेता मैं

तारों का तराना लेकर जब
मिलने रात मुझसे आती
राग छेड़ते जुगनू जब
चुप रह जाता गीत न गाता तेरी बेवफ़ाई का
यदि कुछ पल तेरे संग जी लेता मैं।।
4 महीने पहले
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