आज भी बहुत सी जिंदगियां जिन्हे
कड़ी मेहनत और मजदूरी के बाद भी।
बहुत सी राते खाली पेट सोना पड़ता है।
अपने देश की इतनी बड़ी जनसंख्या में।
कुछ हाथ भी आगे बढ जाए।
तो वो भी पेट भर खाकर सो सकते है।