अपने परों पर हम विश्वास करें
चलो अब स्वयं प्रयास करें
चलो आसमान में उड़ान भरें
बाज बन कर,ऊंची उड़ान भरें
नये लक्ष्यों पर हम ध्यान करें
चलो कुछ कर्म हम महान करें
स्वयं को अब हम जवान करें।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'