विज्ञापन

साहित्य से समाज है

Ankit Kumar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            साहित्य समाज को बनाता है
        
                                                    
                            
साहित्य समाज को संवारता है
साहित्य से समाज बढ़ता है
साहित्य समाज को गढ़ता है
साहित्य समाज का दर्पण ऐसे ही नहीं है
समाज साहित्य से ही है
इसीलिए साहित्यकार का होना चाहिए सम्मान
तभी आगे बढ़ेगा हिंदुस्तान और सकल जहान।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
एक महीने पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all

Manju Sharma

3561 कविताएं

View Profile