अभी तक नारी को मिला उचित सम्मान नहीं है
नारी बिना चमकता अवनी और आसमान नहीं है
बेटियों को गर्भ में मारने वालों!
बेटियों को भूखे मारने वालों!
बेटियों को न पढ़ाने वालों!
बेटी नहीं बचाओगे
तो बहू कहां से लाओगे?
बहू नहीं लाओगे
बेटा कहां से पाओगे?
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'